agro

एग्रो प्रोसेसिंग क्लस्टर (Agro Processing Cluster) एक ऐसा औद्योगिक ढांचा है, जो कृषि उत्पादों को मूल्य वर्धन (Value Addition) के लिए एक ही स्थान पर विभिन्न प्रसंस्करण इकाइयों के रूप में विकसित किया जाता है। इसका उद्देश्य किसानों को बेहतर बाजार, रोजगार, और किसानों की आय में बढ़ोतरी सुनिश्चित करना है।

एग्रो प्रोसेसिंग क्लस्टर की परिभाषा

एग्रो प्रोसेसिंग क्लस्टर एक ऐसा भू-भाग होता है जहाँ कृषि उत्पादों के प्रसंस्करण से संबंधित कई इकाइयाँ—जैसे कि फल-सब्जी प्रोसेसिंग, डेयरी, अनाज प्रसंस्करण, पैकेजिंग, कोल्ड स्टोरेज और ट्रांसपोर्टेशन सुविधाएँ—एक ही जगह उपलब्ध होती हैं। यह क्लस्टर खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय (MoFPI) के तहत विकसित किया जाता है।

मुख्य उद्देश्य

  • कृषि उत्पादों की बर्बादी में कमी
  • किसानों को बेहतर दाम और बाजार
  • ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन
  • कृषि उत्पादों का निर्यात और गुणवत्ता में सुधार
  • सप्लाई चेन का सुदृढ़ीकरण

एग्रो प्रोसेसिंग क्लस्टर के घटक

  1. प्रसंस्करण इकाइयाँ – जैसे अचार, जैम, जूस, पनीर, आटा, बेसन आदि बनाने की फैक्ट्री
  2. कोल्ड स्टोरेज और वेयरहाउसिंग
  3. ट्रांसपोर्ट और लॉजिस्टिक्स सुविधा
  4. उत्पादों की टेस्टिंग और पैकेजिंग यूनिट
  5. प्रशिक्षण और कौशल विकास केंद्र

किसे होता है लाभ?

  • किसान – अपने उत्पाद सीधे प्रोसेसिंग यूनिट को बेच सकता है और बिचौलियों से मुक्ति मिलती है।
  • उद्यमी – कम लागत में प्रोसेसिंग यूनिट स्थापित कर सकता है।
  • ग्रामीण युवा – कौशल विकास के बाद स्थानीय रोजगार पा सकते हैं।
  • सरकार – कृषि आधारित अर्थव्यवस्था को मजबूत कर सकती है।

सरकारी योजना के अंतर्गत विकास

प्रधानमंत्री किसान संपदा योजना (PMKSY) के तहत भारत सरकार एग्रो प्रोसेसिंग क्लस्टर की स्थापना के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करती है। इसके लिए MoFPI द्वारा ईओआई (EoI) आमंत्रित किए जाते हैं और योग्य उद्यमियों को अनुदान दिया जाता है।

Tumblr        

Read More


Discover more from अपना रण

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Discover more from अपना रण

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading