#dharmik

STORY OF KAKUDMI ,THE ANCIENT TIME TRAVELLER…

BRAHMA SAID TO KAKUDMI, “O KING, ALL THOSE WHOM YOU MAY HAVE DECIDED WITHIN THE CORE OF YOUR HEART TO ACCEPT AS YOUR SON-IN-LAW HAS DIED IN THE COURSE OF TIME

ब्रम्हा, विष्णु, महेश की उत्पत्ति कैसे हुई? आइए जानते हैं।

हिन्दू धर्म मे त्रिदेव ब्रम्हा, विष्णु और महेश को सभी देवताओं में सबसे श्रेष्ठ और पूजनीय माना जाता है। जिसमें ब्रम्हा देव को सृष्टि का रचनाकार, श्री हरि विष्णु को सृष्टि का पालनहार और शिव जी को सृष्टि का विनाशक माना गया है।

Bhagwan Shiv ki Teesri Aankh

भगवान शिव को अक्सर एक तीसरी आंख से दर्शाया जाता है और उन्हें त्रयंबकम, त्रिनेत्र आदि कहा जाता है । तीसरी आंख शिव भक्तों के लिए ज्ञान की दृष्टि विकसित करने का प्रतीक है । हमारी दो आंखें, हमेशा चीजों का न्याय करने और वास्तविकताओं को जानने के लिए पर्याप्त नहीं हैं । शिव की तीसरी आंख …

Bhagwan Shiv ki Teesri Aankh Read More »

केदारनाथ को ‘जागृत महादेव ‘ क्यों कहते हैं?

केदारनाथ के दर्शन करने के लिए भक्त साल भर का इंतेजार करते हैं। केदारनाथ की चढ़ाई को बेहद ही मुश्किल माना जाता है, लेकिन ऐसा कहा जाता है कि भोले बाबा जिसे दर्शन देने की ठान लेते हैं उसे दर्शन देकर ही रहते हैं।इसी बात से जुड़ी है भगवान शिव के एक भक्त की कहानी …

केदारनाथ को ‘जागृत महादेव ‘ क्यों कहते हैं? Read More »

Tirupati temple.. kahani aur mystery

कहाँ पर स्थित है यह मंदिर तिरुपति भारत के सबसे प्रसिद्ध तीर्थस्थलों में से एक है। यह आंध्र प्रदेश के चित्तूर जिले में स्थित है। प्रतिवर्ष लाखों की संख्या में दर्शनार्थी यहां आते हैं। समुद्र तल से 3200 फीट ऊंचाई पर स्थिम तिरुमला की पहाड़ियों पर बना श्री वैंकटेश्‍वर मंदिर यहां का सबसे बड़ा आकर्षण है। कई शताब्दी पूर्व बना यह मंदिर दक्षिण भारतीय वास्तुकला और …

Tirupati temple.. kahani aur mystery Read More »

बाबा भोलेनाथ का बसंत पंचमी पर तिलकोत्सव

वाराणसी,16 फरवरी। आज 357 वांं बाबा विश्वनाथ का तिलकोत्सव धूम-धाम से मनाने की तैयारी पूरी हो गयी है। राग विराग की नगरी काशी में महंत आवास में, बसंत पंचमी पर तिलकोत्सव के दौरान शहनाई गूंजेगी और डमरू दल के साथ बाबा का तिलक चढ़ने के साथ ही काशी होलियाने के मूड में आ जाएगी। तिलकोत्सव …

बाबा भोलेनाथ का बसंत पंचमी पर तिलकोत्सव Read More »

वाराणसी: बाबा विश्वनाथ की सजेगी दरबार, सड़क से दिखेगा भव्य स्वरूप

श्री काशी विश्वनाथ मंदिर का दायरा बढ़ने के बाद यह अब नए स्वरूप में भक्तों के सामने होगा। शिव कचहरी समेत आसपास के सभी मंदिरों को बाबा दरबार के परिसर में ही समाहित कर लिया गया है। मई तक मंदिर विस्तार का काम पूरा होते ही आने वाले भक्तों को बाबा दरबार का नया स्वरूप …

वाराणसी: बाबा विश्वनाथ की सजेगी दरबार, सड़क से दिखेगा भव्य स्वरूप Read More »

Copy Protected by Chetan's WP-Copyprotect.